Army में लड़कियों की हाईट कितनी चाहिए ?

आर्मी में लड़कियों की हाइट कितनी होनी चाहिए? भारतीय सेना में सिलेक्शन के लिए लड़कियों की हाइट कितनी मांगी जाती है?

आर्मी में महिलाओं के लिए कितनी height जरूरी है? दोस्तों आज के समय में बड़ी संख्या में विद्यार्थी भारतीय सेना में भर्ती के लिए आवेदन करते हैं और इन विद्यार्थियों में केवल लड़के ही नहीं बल्कि लड़कियां भी शामिल हैं।

आज के समय में कोई भी ऐसा क्षेत्र नहीं जहां लड़कियां लड़कों से किसी मामले में पीछे हो, और सेना में भर्ती के मामले में भी इच्छुक महिलाएं आवेदन करती हैं।

आर्मी में भर्ती के लिए फिजिकल फिटनेस काफी ज्यादा जरूरी है, लड़कियों को भी फिटनेस के मामले में सभी जरूरी योग्यता मापदंडों को पूरा करना होता है, और इसी में ‘आर्मी में भर्ती के लिए लड़कियों की जरूरी हाइट’ भी आता है।

आर्मी में भर्ती के लिए लड़कियों की हाइट कितनी मांगी जाती है?

आज यहां इस आर्टिकल में हम मुख्य तौर पर यही जानेंगे कि आर्मी में भर्ती के लिए लड़कियों की हाइट कितनी मांगी जाती है?

Army के लिए लड़कियों की Minimum required height पता होनी चाहिए, जिससे कि बाद में जाकर सिलेक्शन में कोई दिक्कत ना हो। 

Army के लिए लड़कियों की जरुरी height

बात करें इंडियन आर्मी में महिलाओं की भर्ती की तो साल 2019 से पहले  इंडियन आर्मी में महिलाओं के लिए सोल्जर जीडी पद के लिए किसी भी प्रकार की भर्ती उपलब्ध नहीं थी।

लेकिन साल 2019 के बाद से इंडियन आर्मी द्वारा महिलाओं को भी सेना में इस पद के लिए चयनित किया जाने लगा है।

जो भी महिलाएं भारतीय सेना में जाकर देश की सेवा में अपना योगदान देना चाहती हैं, वे आर्मी में नियुक्ति के लिए आवेदन कर सकती है।

और इसके लिए जरूरी हाइट की बात करें तो महिलाओं की मिनिमम हाइट 152 सेंटीमीटर होनी चाहिए, तब ही वे भारतीय सेना में सोल्जर जीडी यानी सोल्जर जनरल ड्यूटी के पद के योग्य मानी जाती है।

यदि आवेदन करने वाली महिलाओं की हाइट 152 सेंटीमीटर से कम होती है तो वे इंडियन आर्मी में भर्ती नहीं हो सकती।

महिलाओं की इंडियन आर्मी में सिलेक्शन के दौरान फिजिकल टेस्ट में कई बातों का ध्यान रखा जाता है, और उसमें हाइट मेजरमेंट के दौरान भी कई मानकों का ध्यान रखा जाता है जिनके अनुसार ही हाइट measure की जाती है।

और यदि उस दौरान उम्मीदवार की हाइट 152 सेंटीमीटर होती है तो वे टेस्ट में पास हो कर मातृभूमि की सेवा में अपना योगदान दे सकती हैं।

Height measurement के दौरान जिन मानकों का ध्यान रखा जाता है, उम्मीदवारों को उन सभी के बारे में जानकारी प्राप्त कर लेनी चाहिए।

भारतीय सेना में लड़कियों का योगदान

इंडियन आर्मी आज हमारे देश की महिलाओं को बड़े अवसर प्रदान करती है।

लड़कियां भी उतने ही देश प्रेम और निष्ठा की भावना से आर्मी ज्वाइन करके देश की सेवा करती हैं जीतने की लड़के।

भारतीय सेना में महिलाओं की भूमिका की शुरुआत तब हुई जब 1888 में “भारतीय सैन्य नर्सिंग सेवा” का गठन किया गया।

वे प्रथम विश्व युद्ध और द्वितीय में लड़ीं, war में भारतीय सेना की नर्सें या तो मर गईं थीं, या युद्ध के बाद कैद कर ली गई थी, या कार्रवाई में लापता घोषित हो गईं थी। 

सिर्फ इंडियन आर्मी ही नहीं बल्कि इंडियन एयरफोर्स और Indian nevi में भी महिलाओं का योगदान है, 2015 में भारत ने फाइटर पायलट के रूप में महिलाओं के लिए नई लड़ाकू वायु सेना की भूमिकाएं खोलीं।

लड़कियों ने भारतीय वायु सेना में हेलीकॉप्टर पायलट के रूप में अपनी भूमिका को जोड़ा।

इंडियन आर्मी में लड़कियों की भर्ती की प्रक्रिया

ऐसी लड़कियां जो सेना में शामिल होने का सपना देखती हैं, उनके लिए अवसर आते रहते हैं। सेना द्वारा महिला मिलिट्री पुलिस (Women Military Police) में सैनिक जीडी पदों के लिए समय-समय पर आवेदन मागें जाते हैं।

ऐसे योग्य और इच्छुक उम्मीदवार सेना की ऑफिशियल वेबसाइट joinindianarmy.nic.in पर जाकर भर्ती प्रक्रिया से संबंधित सारी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

जिसमें लड़कियों के लिए जरूरी हाइट के साथ-साथ दूसरे शैक्षणिक और फिजिकल  योग्यताओं के बारे में जानकारी दी हुई होती है।

इस साल यानी कि 2021 में भी सैनिक जनरल ड्यूटी पदों पर महिलाओं की भर्ती के लिए आवेदन मांगे गए थे।

इसके लिए जारी नोटिफिकेशन के मुताबिक, इस पद पर भर्ती के लिए लखनऊ, अंबाला, जबलपुर, बेंगलुरु, शिलॉन्ग और पुणे  में भर्ती रैली (Army Bharti Rally) का आयोजन किया गया था।

रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद एडमिट कार्ड जारी किया जाता है जिसमें भर्ती रैली के ग्राउंड और तारीख की जानकारी दी जाती है।

Army के लिए लड़कियों की जरूरी योग्यता

आवेदन करने के लिए महिला उम्मीदवार का कम से कम किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड या संस्थान से 10वीं पास होना जरूरी है।

इस बार सेना में महिलाओं की भर्ती के लिए निकली नोटिफिकेशन के अनुसार उनकी जन्म तिथि एक अक्टूबर 2000 से एक अप्रैल 2004 के बीच होनी चाहिए थी।

दूसरे फिजिकल शर्तों की बात करें, तो हाईट 152 सेंटीमीटर, वजन हाईट के अनुसार मांगी गई थी।

चयन की प्रक्रिया में, रजिस्ट्रेशन के बाद 10वीं के नंबर्स के आधार पर उम्मीदवारों की कटऑफ लिस्ट तैयार की जाती है, इसमें उम्र को भी वरियता दी जाती है।

इसके अलावा एक्स सर्विसमैन की बेटियों या सैनिक की विधवा को हाईट व वजन में नियमानुसार छूट भी मिलती है।

कट ऑफ लिस्ट में आने के बाद फिजिकल टेस्ट देना होता है। टेस्ट में  1.6 किमी की दौड़ 7 मिनट 30 सेकंड में पूरी करनी होती है, वहीं 10 फीट लॉन्ग जम्प और 3 फीट हाई जम्प भी करना होता है।

हालांकि इन सभी physical tests में अंतर हो सकता है, सही जानकारी के लिए महिला उम्मीदवारों को नोटिफिकेशन पढ़ना चाहिए।

Conclusion

ऊपर इस आर्टिकल में हमने जाना कि भारतीय सेना में भर्ती होने के लिए लड़कियों की हाइट कितनी मांगी जाती है।

हाईट से संबंधित सभी जरूरी जानकारी का पता होना जरूरी है ताकि बाद में selection से संबंधित कोई समस्या उत्पन्न ना हो।

आज के समय में लड़कों की ही तरह लड़कियां भी आर्मी में बढ़-चढ़कर भर्ती होना चाहती हैं, ताकि देश की सेवा कर सके। सेना में भर्ती के लिए लड़कियों की जरूरी हाइट से संबंधित यदि कोई सवाल आपके मन में हो तो आप हमें नीचे कमेंट बॉक्स में पूछ सकते हैं।

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